Bank Manager Kaise Bane – बैंक मैनेजर कैसे बने (पूरी जानकारी)

Bank Manager Kaise Bane – बैंक मैनेजर कैसे बने

Bank Manager Kaise Bane :- जिंदगी जीने के लिए क्या चाहिए रोटी, कपड़ा और मकान लेकिन आज के टाइम में अगर एक अच्छी नौकरी नहीं है, तो इसे पाना भी काफी मुश्किल है।

नमस्कार दोस्तों स्वागत है आपका RM Pathshala की इस वेबसाइट में तो आज हम बात करेंगे नौकरी के बारे में, और अगर नौकरी में भी बात हो बैंक मैनेजर की तो फिर कहना ही क्या क्योंकि हर युवा की पहली पसंद होती है कि वह बैंक मैनेजर की नौकरी पाए क्योंकि यह एक सम्मानजनक और आराम की नौकरी होती है। जिसमें काफी अच्छा वेतन भी दिया जाता है, इसीलिए लोगों में बैंक में नौकरी करने में काफी दिलचस्पी बढ़ रही है।

आज इस ब्लॉग पोस्ट में हम आपको यह बताएंगे की बैंक मैनेजर कैसे बने (Bank Manager Kaise Bane)। अगर आप बैंक मैनेजर की सम्मानजनक नौकरी पाना चाहते हैं, तो आप तो उसके अनुसार मेहनत भी करनी पड़ेगी, क्योंकि बैंक मैनेजर की नौकरी पाना बहुत ही कठिन कार्य है। इसके लिए बहुत मेहनत व उचित मार्गदर्शन मिलना बहुत आवश्यक है। जब तक आपको सही मार्गदर्शन नहीं मिलेगा तब तक आप की कड़ी मेहनत करके भी सफलता हासिल नहीं कर पाएंगे है। आज हम आपको इस ब्लॉग के माध्यम से हम आपको सही और उचित मार्गदर्शन देने का प्रयास करेंगे तो अगर आप बैंक मैनेजर बनना चाहते हैं तो यह ब्लॉग पोस्ट पूरा पढ़ें।

Bank Manager Kaise Bane :- इस पोस्ट के माध्यम से बैंक मैनेजर कैसे बने, के बारे में बताया गया है।

Bank Manager Kaise Bane? प्राइवेट बैंक में

प्राईवेट बैंक में बैंक मैनेजर बनने के लिए आपके पास निम्नलिखित क्वालिफिकेशन का होना आवश्यक है –

  • पहला, उम्मीदवार किसी भी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से ग्रेजुएशन अथवा पोस्ट ग्रेजुएशन किया हुआ होना आवश्यक है। 
  • दूसरा, उम्मीदवार को बैंकिंग का अनुभव होना आवश्यक है। 
  • तीसरा, उम्मीदवार की उम्र 21 वर्ष या उससे अधिक होना आवश्यक है। 
  • चौथा, उम्मीदवार के ग्रेजुएशन में 60% अंक होने आवश्यक है इससे कम अंक वाले उम्मीदवार भी इसके लिए आवेदन कर सकते हैं पर यह सुविधाएं बहुत कम बैंक देती है। 
  • पांचवा, 12th कॉमर्स वाली उम्मीदवारों को अधिक मान्यता दी जाती है क्योंकि कॉमर्स के उम्मीदवारों को बैंकिंग का अनुभव होता है। 
  • छठा, उम्मीदवार कोई कैदी नहीं होना चाहिए और उस पर किसी भी तरह का पुलिस केस नहीं होना चाहिए। 
  • सातवा, इंग्लिश भाषा का अनुभव होना आवश्यक है क्योंकि बैंकिंग ज्यादातर इंग्लिश भाषा का इस्तेमाल होता है।

Selection Process of Bank Manager in Private Bank

प्राइवेट बैंक पर मैनेजर बनना आसान है। इसमें आपको सीधे डॉक्यूमेंट जमा करना होगा और आपको इंटरव्यू के लिए बुलाया जाएगा। तब आप अपने सारे डॉक्यूमेंट लेकर इंटरव्यू देने जाना होगा, अगर आप इंटरव्यू में सफल होते हैं तो आपको सीधे नौकरी पर लगाया जाता है।

वही दूसरी और कुछ प्राइवेट बैंकों में नौकरी पाने के लिए आपको उन बैंको के द्वारा आयोजित PO की परीक्षा को पास करना होगा। PO का फुल फॉर्म Probationary Officer होता है, जो बैंक कर्मचारी के रूप में कार्य करते है। जब भी किसी निजी बैंक में कर्मचारी की जरूरत होती है तो वे PO एग्जाम की मदद से कर्मचारियों का चयन करते है। इस एग्जाम में पास होने वाले उम्मीदवारो को चयन की प्रक्रिया यानी साक्षात्कार (इंटरव्यू) में शामिल किया जाता है, उसके बाद उन्हें बैंक मैनेजर की पोस्ट (निजी बैंक में) दे दी जाती है।

Bank Manager Kaise Bane? सरकारी बैंकों में

सरकारी बैंक में मैनेजर बनने के लिए उम्मीदवारों के पास निम्नलिखित क्वालिफिकेशन का होना आवश्यक है –

  • उम्मीदवार का किसी भी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से ग्रेजुएशन और पोस्ट ग्रेजुएशन किया हुआ होना आवश्यक है।
  • सरकारी बैंक में मैनेजर बनने के लिए उम्मीदवार का बैंकिंग के क्षेत्र में अनुभव होना चाहिए और अगर आपके पास कोई भी अनुभव नहीं तो भी सरकारी बैंक में मैनेजर बन सकते है।
  • इसके लिए उम्मीदवार की उम्र 21 वर्ष या उससे अधिक होना चाहिए।
  • इसके लिए उम्मीदवार का ग्रेजुएशन में 50% अंक होना चाहिए लेकिन इसमें से भी कुछ रिजर्व कैटेगरी को अंको में छूट दी जाती है।
  • सरकारी बैंक में, बैंक मैनेजर बनने के लिए आपका ग्रेजुएशन में कॉमर्स स्ट्रीम का होना जरूरी नहीं है, कोई भी स्ट्रीम से ग्रेजुएट उम्मीदवार बैंक मैनेजर की एग्जाम के लिए अप्लाई कर सकता है।
  • बैंक मैनेजर का फॉर्म भरने से पहले उम्मीदवार यह सुनिश्चित कर लें कि उस पर किसी भी तरह का पुलिस केस नहीं होना चाहिए और ना ही उम्मीदवार किसी प्रकार का कैदी होना चाहिए।
  • बैंक मैनेजर बनने के लिए आपका इंग्लिश भाषा में अच्छा खासा नॉलेज होना चाहिए, क्योंकि बैंकिंग में ज्यादातर इंग्लिश भाषा का इस्तेमाल होता है।

Selection Process of Bank Manager in Government Bank

बैंक मैनेजर बनने के लिए आवेदन करना होगा एवं बैंक मैनेजर बनने के लिए आने वाली बैंक की भर्ती पर ध्यान रखना होगा। जब इसकी भर्ती आती है तो आपको आवेदन करना होगा। हर बैंक के लिए अलग-अलग भर्ती आती हैं। अगर आप देश की 20 से भी अधिक सरकारी बैंकों में नौकरी पाना चाहते है तो आप इस वेबसाइट को सर्च कर सकते है IBPS.in इस वेबसाइट से आपको सारे सरकारी बैंकों में कब भर्ती आने वाली है उसका पता चलेगा। IBPS का फुल फॉर्म Institute of Banking Personnel Selection होता है। जिसे हिंदी में बैंकिंग कार्मिक चयन संस्थान कहते है। इस परिक्षा को पास करने के बाद आप देश के लगभग सभी सरकारी बैंकों में नौकरी पा सकते है, SBI को छोड़कर क्योंकि SBI अपने कर्मचारियों के सलेक्शन के लिए अलग से एग्जाम लेता है।

अब आगे बैंक मैनेजर चयन प्रक्रिया की बात हो तो बैंक मैनेजर की चयन प्रक्रिया मुख्य 4 तरीकों से होती है

  1. प्रारंभिक परीक्षा (Preliminary Exam) 
  2. मुख्य परीक्षा (Mains Exam)
  3. साक्षात्कार (Interview)
  4. समूह विचार विमर्श (Group Discussion)
प्रारंभिक परीक्षा (Preliminary Exam)

बात करें अगर हम प्रारंभिक परीक्षा की तो बैंक मैनेजर बनने के लिए यह पहला चरण होता है। यह परीक्षा उम्मीदवारों की काबिलियत की परख करने के लिए किया जाता है। इस परीक्षा के माध्यम से काबिल उम्मीदवारों को पसंद किया जाता है, और अन्य लोगों को मुख्य परीक्षा से बाहर कर दिया जाता है। यह परीक्षा बहुत महत्वपूर्ण होती है, और इसके लिए भी उम्मीदवारों को कड़ी मेहनत करनी पड़ती है।

मुख्य परीक्षा (Mains Exam)

दूसरा, मुख्य परीक्षा यह परीक्षा बैंक मैनेजर बनने की दूसरा चरण होता है। यह प्रारंभिक परीक्षा से काफी ज्यादा कठिन होती है, और जो उम्मीदवार प्रारंभिक परीक्षा में सफल होते हैं उन्हीं को इस परीक्षा में बुलाया जाता है।

साक्षात्कार (Interview)

तीसरा है, साक्षात्कार (इंटरव्यू) दोनों परीक्षाओं (प्रारंभिक एवं मुख्य परीक्षा) में सफल होने वाले उम्मीदवार को इस चरण में बुलाया जाता है। इस चरण में कुछ अधिकारी उम्मीदवारों को उनके बताए गए एक निश्चित स्थान पर उनके डॉक्यूमेंट ले कर बुलाते हैं, और अधिकारी उम्मीदवारों को कुछ सवाल जवाब करते हैं। उम्मीदवारों द्वारा उनके सवालों का जवाब किस तरीके से दिया जाता है। उसके आधार पर अधिकारी उम्मीदवार को इस चरण में उत्तीर्ण घोषित करते हैं।

समूह विचार विमर्श (Group Discussion)

चौथा है, समूह विचार-विमर्श या यानी कि ग्रुप डिस्कशन। यह बैंक मैनेजर बनने का अंतिम चरण होता है। जो कि साक्षात्कार से काफी मिलता जुलता है। इसमें कुछ अधिकारी और उम्मीदवार एक ही जगह पर बैठते हैं, और वे उम्मीदवारो को कुछ विषय देते हैं और उम्मीदवारो को उस विषय पर अपने विचार व्यक्त करके अपनी काबिलियत दिखानी होती हैं। यह सब प्रक्रिया समाप्त होने के बाद काबिल उम्मीदवारों को बैंक मैनेजर की पोस्ट दे दी जाती हैं।

Bank Manager बनने के लिए क्या करें

प्राइवेट बैंक हो या सरकारी बैंक कोई भी बैंक आपको सीधा बैंक मैनेजर नहीं बनाती है इसके लिए सबसे पहले आपको बैंक में प्रोबेशनरी अधिकारी (PO) के रूप में काम करना होता है। इसके बाद आप इस पोस्ट से असिस्टेंट मैनेजर के पद पर 3 से 5 वर्ष के कार्य अवधि के बाद प्रमोट कर दिए जाते हैं। असिस्टेंट मैनेजर बनने के बाद ही आप किसी बैंक में ब्रांच मैनेजर बन सकते है। इससे पहले की प्रक्रिया क्या होती है चलिए जानते है –

12वी पास करना

सबसे पहले आप अपने राज्य के किसी भी सरकारी बोर्ड से या सीबीएसई से 12वीं की परीक्षा पास करें। कुछ उम्मीदवार यह सोचते हैं कि बैंकिंग सेक्टर में जॉब पाने के लिए 12वी में कॉमर्स या एकाउंटिंग सब्जेक्ट का चुनना जरूरी है। लेकिन ऐसा नहीं है, बैंकिंग सेक्टर में जॉब के लिए आप 12वीं में किसी भी स्ट्रीम से कर सकते है, साइंस कॉमर्स या आर्ट्स।

ग्रैजुएशन

12वीं पास करने के बाद आप किसी भी स्ट्रीम से ग्रेजुएशन की डिग्री प्राप्त करिए। इसके साथ ही कंप्यूटर का भी कोर्स अवश्य कर ले, क्योंकि आज के समय सभी नौकरियां के लिए कंप्यूटर की पढ़ाई करना बहुत आवश्यक हो गया है।

बैंक PO का एग्जाम

यह एग्जाम मुख्य मुख्यत दो चरण में होता है, पहले चरण में अभ्यर्थी को लिखित परीक्षा देनी होती है। जिसमें सामान्य ज्ञान, करंट अफेयर, जनरल इंग्लिश, क्वानटेटिव एप्टीट्यूड एवं रीजनिंग जैसे विषयों से प्रश्न पूछे जाते हैं। इन सभी विषयों पर कुल 100 प्रश्न पूछे जाते हैं, और इसके लिए 1 घंटे का समय दिया जाता है।

दूसरे चरण की परीक्षा को मुख्य परीक्षा कहते हैं। जिसमें प्रथम चरण में सफल हुए अभ्यर्थियों को ही शामिल किया जाता है। इस परीक्षा में भी आपको सामान्य ज्ञान और करंट अफेयर, जनरल इंग्लिश वांटेटिव एटीट्यूड, लॉजिकल रीजनिंग आदि विषयों से प्रश्न पूछे जाते हैं लेकिन इसमें बहुत ही कठिन प्रश्न पूछे जाते हैं।

Interview और बैंक PO की ट्रेनिंग

अगर आप बैंक पीओ के प्रारंभिक एवं मुख्य परीक्षा को पास कर लेते हैं, तो इसके बाद आपको इंटरव्यू के लिए बुलाया जाता है। इंटरव्यू में सफलता हासिल करने के बाद, आपको 1 से 2 साल के लिए बैंक PO की ट्रेनिंग दी जाती है। जिसमें आपको बैंकिंग से जुड़ी सभी चीजों का ट्रेनिंग दिया जाता है। जब आपका ट्रेनिंग पूरा हो जाता है तो आपको बैंक PO के रूप में अप्वॉइंट कर दिया जाता है।

असिस्टेंट मैनेजर और बैंक मैनेजर

अगर आप बैंक PO के के पद पर रहकर अच्छा कार्य करते हैं, तो दो-तीन साल के बाद आपका प्रमोशन हो कर आपको असिस्टेंट मैनेजर के पद पर नियुक्त कर दिया जाता हैं। असिस्टेंट मैनेजर बनने के 3 से 5 साल बाद आपको ब्रांच मैनेजर बना दिया जाता है।

बैंक मैनेजर की सैलरी (Salary Of Bank Manager)

जब आप बैंक में PO अधिकारी के तौर पर काम करते हैं तो आपको शुरुआती बेसिक सैलेरी 23700₹ दी जाती है और जो बैंक मैनेजर बनने तक ₹86000 मंथली तक हो सकती है। यह आपके जॉब लोकेशन पर भी निर्भर करती हैं, और यह बैंक पर भी निर्भर करता है कि वह आपको कितना मासिक सैलरी देना चाहती है। वैसे हर स्थिति में देखा गया है कि गवर्नमेंट बैंक, प्राइवेट बैंक की तुलना में अपने कर्मचारियों को अधिक वेतन देती है।

इन्हे भी पढ़े :-

  1. वेबिनार क्या होता है
  2. इनकम टैक्स ऑफिसर कैसे बने
  3. CAT एग्जाम क्या है

Conclusion :-

तो हमें पूरी उम्मीद है, कि हमारे इस ब्लॉग पोस्ट के माध्यम से आपको बैंक मैनेजर बनने (Bank Manager Kaise Bane) में काफी मदद मिलेगी और इसी के साथ अगर आपको हमारा यह ब्लॉक पसंद आया है तो प्लीज इस ब्लॉग को लाइक करें एवं इसे अपने दोस्तों के साथ शेयर करें।

1 thought on “Bank Manager Kaise Bane – बैंक मैनेजर कैसे बने (पूरी जानकारी)”

  1. Pingback: How To Become A Mining Engineer - माइनिंग इंजीनियर कैसे बने - RM पाठशाला

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *